पोस्ट ऑफिस बनेगा निवेश का नया केंद्र, डाक विभाग और स्टॉक होल्डिंग सर्विसेज के बीच बड़ा करार
मुंबई- भारत में डाकघर हमेशा से भरोसे का दूसरा नाम रहा है। चिट्ठी-पत्री से शुरू हुआ यह सफर अब आधुनिक निवेश की दुनिया में एक बहुत बड़ा कदम रखने जा रहा है। देश के आम नागरिक और शेयर बाजार के बीच की दूरी को खत्म कर देगी। संचार मंत्रालय के डाक विभाग (DOP) ने स्टॉक होल्डिंग सर्विसेज लिमिटेड (SSL) के साथ हाथ मिलाया है।
इस समझौते का सीधा मतलब यह है कि अब आपको शेयर बाजार में निवेश करने के लिए सिर्फ शहरों या बड़े ब्रोकरेज हाउस के चक्कर लगाने की जरूरत नहीं होगी। आपके पड़ोस का डाकघर अब पूंजी बाजार का द्वार बनने जा रहा है। यह पहल भारतीय डाक के उस विशाल नेटवर्क और भरोसे का इस्तेमाल करेगी, जो कश्मीर से कन्याकुमारी तक फैला हुआ है।
इस नई साझेदारी के तहत नागरिकों को वे सभी सुविधाएं मिलेंगी, जो अब तक सिर्फ बड़े शहरों या डिजिटल प्लेटफॉर्म्स तक सीमित थीं. आधिकारिक प्लेटफॉर्म और चुनिंदा डाकघरों पर डिजिटल ऑनबोर्डिंग लिंक और क्यूआर कोड जैसी आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। इसके जरिये अपना डीमैट और ट्रेडिंग खाता खोलना, शेयर बाजार में शेयरों की खरीद-फरोख्त.
म्यूचुअल फंड में निवेश करना, किसी भी कंपनी के आईपीओ (IPO) में हिस्सा लेना, अन्य निवेश उत्पादों तक सीधी पहुंच बनाना जैसी सुविधा मिलेगी।
सिर्फ सुविधाएं देना ही इस समझौते का मकसद नहीं है, बल्कि लोगों को सिखाना भी एक बड़ी प्राथमिकता है. अक्सर ग्रामीण और अर्ध-शहरी इलाकों में लोग शेयर बाजार में पैसा लगाने से डरते हैं क्योंकि उनके पास सही जानकारी नहीं होती. संचार मंत्रालय ने साफ किया है कि इस साझेदारी का एक मुख्य केंद्र ‘फाइनेंशियल साक्षरता’ है। एसएसएल और डाक विभाग मिलकर देश भर में विशेष कार्यक्रम आयोजित करेंगे. इन कार्यक्रमों का उद्देश्य निवेशकों को शिक्षित करना है ताकि वे बिना किसी डर के और सोच-समझकर पूंजी बाजार में अपनी भागीदारी दर्ज करा सकें।

