बैंक हड़ताल से देशभर में कामकाज ठप, 4 लाख करोड़ रुपये के चेक क्लियरेंस रुके
नई दिल्ली। यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस (यूएफबीयू) की हड़ताल के चलते देशभर में कई जगहों पर जमा और निकासी जैसी शाखा बैंकिंग सेवाएं प्रभावित रहीं। इसके साथ ही, 4 लाख करोड़ रुपये के चेक क्लियरेंस में अटक गए। यूनियन की मांग सप्ताह में पांच कार्य दिवस को तत्काल लागू करने की है। नौ यूनियनों के समूह यूएफबीयू की ओर से आयोजित यह हड़ताल 23 जनवरी को मुख्य श्रम आयुक्त के साथ हुई सुलह बैठक के विफल होने के बाद हुई।
यूएफबीयू की हड़ताल में सरकारी बैंकों की विभिन्न यूनियनों के लगभग 8 लाख कर्मचारियों ने भाग लिया। ऑल इंडिया बैंक एम्प्लॉई एसोसिएशन (एआईबीईए) के महासचिव सी एच वेंकटचलम ने बताया, नकद लेनदेन प्रभावित हुए और बिल ट्रेडिंग, बिल डिस्काउंटिंग और ट्रेडिंग पर असर पड़ा। सरकारी बैंकों में कई जगहों पर ट्रेजरी संचालन भी बंद रहा।
ऑल इंडिया बैंक ऑफिसर्स कन्फेडरेशन (एआईबीओसी) के महासचिव रूपम रॉय ने बताया, दिसंबर, 2023 में हुई चर्चाओं के बाद यह सहमति बनी थी कि सोमवार से शुक्रवार तक दैनिक कार्य समय में 40 मिनट की वृद्धि की जाएगी। शेष शनिवार को अवकाश घोषित किया जाएगा। इस संबंध में सरकार को विधिवत सिफारिश कर दी गई है, लेकिन पिछले दो वर्षों से इसकी मंजूरी लंबित है। इस हड़ताल से कई एटीएम में नकदी की कमी हो गई।

