बच्चों का भविष्य ऐसे संवारें, मिल सकता है बेहतर फायदा 

मुंबई- आज के समय में वैसे भी जिस तरह से शिक्षा महंगी हो रही है, बच्चों की पढ़ाई के लिए ज्यादा पैसे की जरूरत हो रही है। वैसे भी अगर अनुशासित रहकर ​प्लान करें तो बच्चों के बड़े होने पर उनको एक मजबूत फाइनेंशियल सपोर्ट मिल सकता है।  

बाजार में ऐसी बहुत सी स्कीम हैं, जिनमें बच्चों के नाम पर पैसा लगाया जा सकता है, लेकिन बहुत कम लोगों का ध्यान चाइल्ड म्यूचुअल फंड पर जाता है। बाजार में बच्चों के नाम पर भी म्यूचूअल फंड स्कीम उपलब्ध हैं। रिटर्न चार्ट देखें तो इनमें से कई स्कीम ने लंबी अवधि में बेहतरीन रिटर्न दिया है।

बाजार में कई फंड हाउस के चाइल्ड म्यूचुअल फंड उपलब्ध हैं। हालांकि यह कोई नियम नहीं है कि आप सिर्फ उन्हीं स्कीम में निवेश करें। बच्चों के लिए भविष्य की प्लानिंग करते समय आप किसी भी बेहतर म्यूचुअल फंड स्कीम में निवेश कर सकते हैं। चूंकि यह प्लान 15 साल या 20 साल यानी लंबी अवधि का है, इसलिए एसआईपी का विकल्प बेहतर है। बाजार में कुछ चाइल्ड फंड हैं, जिन्होंने पिछले 15 से 20 साल में 10 से 16 फीसदी सालाना के हिसाब से रिटर्न दिए हैं। 

कुछ चाइल्ड प्लान इक्विटी और डेट के कंपोजिशन के आधार पर निवेशकों को अलग अलग विकल्प देते हैं। मसलन ज्यादा जोखिम न लेने वाले निवेशकों के लिए अधिक डेट वाला पोर्टफोलियो चुनने का विकल्प. वहीं आक्रामक निवेशकों को अधिक इक्विटी वाले पोर्टफोलियो को चुनने का विकल्प मिलता है। इनमें लॉक-इन पीरियड होता है, जिससे एक तय समय के पहले पैसा नहीं निकाल सकते हैं। इनमें आप 5 साल या बच्चे के बड़े हो जाने तक निवेश नहीं निकाल सकते हैं। 

आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल चाइल्ड केयर फंड को अगस्त 2001 में लॉन्च किया गया था। तब से अब तक इसने सालाना 15.50 फीसदी का फायदा दिया है। 15 साल में 1 लाख एकमुश्त निवेश की वैल्यू अब 5 लाख रु जबकि इसी दौरान महीने का 5 हजार का एसआईपी का निवेश अब 24.5 लाख रुपए हो गया है। 20 साल में एसआईपी की रकम 65 लाख हो गई है।  

एचडीएफसी चिल्ड्रेन गिल्ट फंड भी कुछ इसी तरह का फायदा दिया है। इसे मार्च 2001 में जारी किया गया था। इसका तब से अब तक रिटर्न सालाना 16.22 फीसदी रहा है। 15 साल में एक लाख का एकमुश्त निवेश 7.66 लाख रुपए बन गया जबकि इसी दौरान 5 हजार महीने का एसआईपी का निवेश 31 लाख रुपए हो गया। 15 साल में एसआईपी की वैल्यू 31 लाख जबकि 20 साल में इसकी वैल्यू 70 लाख रुपए हो गई।  

टाटा यंग सिटिजन फंड को 1995 में लॉन्च किया गया था। इसका रिटर्न 12.85 फीसदी सालाना है। एक लाख रुपए का एकमुश्त निवेश 15 साल में 4.5 लाख रुपए हो गया जबकि इसी दौरान 5 हजार महीने की एसआईपी 23 लाख रुपए हो गई। 20 साल में एसआईपी की वैल्यू 47 लाख रुपए तक पहुंच गई है।  

Leave a Reply

Your email address will not be published.