रियल एस्टेट में संस्थागत निवेश बढ़कर रिकॉर्ड 8.47 अरब डॉलर पर
नई दिल्ली। वैश्विक अनिश्चितताओं के कारण विदेशी निवेश में 16 फीसदी की कमी के बावजूद घरेलू रियल एस्टेट में संस्थागत निवेश पिछले वर्ष 29 फीसदी बढ़कर रिकॉर्ड 8.47 अरब डॉलर तक पहुंच गया। कोलियर्स इंडिया की रिपोर्ट के अनुसार, 2024 में यह निवेश 6.56 अरब डॉलर था। घरेलू निवेश पिछले वर्ष 2024 के 2.24 अरब डॉलर से बढ़कर दोगुने से अधिक यानी 4.82 अरब डॉलर हो गया।
रिपोर्ट के अनुसार, विदेशी निवेश 16 फीसदी घटकर 3.65 अरब डॉलर रह गया। संस्थागत निवेश में विदेशी कॉरपोरेट समूहों, विदेशी बैंकों, पेंशन फंडों, निजी इक्विटी, रियल एस्टेट फंड विदेशी वित्त पोषित एनबीएफसी और सूचीबद्ध रीट व अन्य निवेश शामिल हैं। 2025 के दौरान कार्यालय संपत्तियों ने निवेश का बड़ा हिस्सा आकर्षित किया, जो वार्षिक निवेश का 54 फीसदी रहा। इसके बाद आवासीय और औद्योगिक एवं भंडारण संपत्तियों का स्थान रहा।
घरेलू पूंजी के विस्तार वैश्विक जोखिम लेने के बढ़ते रुझान और देश की मजबूत आर्थिक बुनियाद के कारण संस्थागत निवेश में और मजबूती आने की उम्मीद है। विभिन्न संपत्तियों में, कार्यालय बाजार में संस्थागत निवेश में पिछले वर्ष 94 फीसदी की वृद्धि दर्ज की गई। यह 2024 में 2.33 अरब डॉलर से बढ़कर 4.53 अरब डॉलर हो गया।

