देश में 8,000 से अधिक स्टार्टअप की मालकिन महिलाएं, जुटाए 23 अरब डॉलर

मुंबई- भारत में महिलाओं द्वारा चलाए जा रहे 8,000 से अधिक तकनीकी स्टार्टअप हैं। इन स्टार्टअप्स ने अब तक करीब 23 अरब डॉलर जुटाए हैं। कुल मिलाकर, भारतीय टेक स्टार्टअप्स ने $155 बिलियन की फंडिंग जुटाई है, जिसमें महिलाओं के नेतृत्व वाले स्टार्टअप्स को कुल फंडिंग का लगभग 14.8% प्राप्त हुआ है।

8,000 स्टार्टअप्स में से 2,316 को फंडिंग मिल चुकी है। डेटा से यह भी पता चलता है कि लगभग 6,000 स्टार्टअप्स को फंडिंग नहीं मिली है, जिनमें से 590 का राजस्व 30,000 डॉलर से अधिक है। दिल्ली-एनसीआर में 2,300से अधिक महिला नेतृत्व वाले स्टार्टअप हैं, इसके बाद बेंगलुरु और मुंबई हैं।

महिलाओं के नेतृत्व वाले तकनीकी स्टार्टअप के लिए लगभग 9.5 बिलियन डॉलर जुटाकर बेंगलुरु फंडिंग चार्ट में सबसे ऊपर है। टॉप 10 शहरों में जयपुर और इंदौर शामिल हैं। महिला नेतृत्व वाली कंपनियों को फंडिंग के मामले में भारत दूसरे स्थान पर है।

भारतीय तकनीकी उद्योग में महिला उद्यमियों (Women entrepreneurs) की हिस्सेदारी 18% से अधिक है और फंडेड कंपनियों में यह 14% से अधिक है। विश्व स्तर पर, महिला संस्थापकों वाले स्टार्टअप्स में भारतीय तकनीकी स्टार्टअप अमेरिका के बाद फंडिंग के मामले में दूसरे स्थान पर हैं।

2020 में, भारतीय महिला नेतृत्व वाले स्टार्टअप ने वैश्विक फंडिंग में लगभग 17% का योगदान दिया था। इस दौरान ग्लोबल महिला नेतृत्व वाले तकनीकी स्टार्टअप द्वारा जुटाए गए 17 बिलियन डॉलर की तुलना में भारतीय महिला नेतृत्व वाले स्टार्टअप्स ने 2.9 बिलियन डॉलर जुटाए।

2021 में, महिलाओं के नेतृत्व वाले तकनीकी स्टार्टअप के लिए फंडिंग एक दशक के सबसे बड़े लेवल 6.5 बिलियन डॉलर पर पहुंच गई। विभिन्न चरणों में फंडिंग में 100% की बड़ी वृद्धि हुई, लेकिन शुरुआती चरण के स्टार्टअप को छोड़कर, 2021 के बाद कुल फंडिंग में गिरावट आई।

जिसमें 2022 में 97% की वृद्धि देखी गई और यह 1.5 बिलियन डॉलर हो गई। इसके अतिरिक्त, 2021 में महिलाओं के नेतृत्व में 8 यूनिकॉर्न स्टार्टअप का निर्माण हुआ और महिलाओं के नेतृत्व वाले स्टार्टअप के रिकॉर्ड 42 अधिग्रहण हुए।

स्टार्टअप इकोसिस्टम में महिला नेतृत्व वाली कंपनियों को विंटर फंडिंग अवधि के दौरान कठिनाई झेलनी पड़ी। इन कंपनियों के लिए फंडिंग 2022 में $4.5 बिलियन से 75% तेजी से गिरकर 2023 में $1.1 बिलियन हो गई। वे फ़ैशन टेक्नॉलजी, ऑनलाइन बाज़ार और ऑनलाइन कपड़े बेचने वाले स्टार्टअप्स में भी एक्टिव हैं।

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