आनंद महिंद्रा ने क्रिप्टो में निवेश की खबर पर दी कानूनी कार्रवाई की चेतावनी

मुंबई- वैसे तो महिंद्रा ग्रुप के चेयरमैन आनंद महिंद्रा काफी शांत माने जाते हैं। लेकिन क्रिप्टो से जुड़ी फर्जी खबरों के साथ उनका नाम आने पर उन्होंने जमकर मोर्चा संभाला। उन्होंने इस पर खबर डालने वाले के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की चेतावनी दे डाली।

पिछले हफ्ते के अंत में आनंद महिंद्रा फर्जी खबरों का पर्दाफाश करने में ही लगे रहे। पहले उन्होंने क्रिप्टो निवेश के बारे में एक मनगढ़ंत रिपोर्ट का सच उजागर किया। इसके कुछ घंटे बाद ही उन्होंने फिर एक बार मोर्चा संभाला। रविवार को आनंद महिंद्रा ने एक स्टेटमेंट का स्क्रीनशॉट शेयर किया। इस स्क्रीन शॉट में उन्हें गलत तरीके से जिम्मेदार ठहराया गया था। उन्होंने इसे पूरी तरह से मनगढ़ंत करार देते हुए इस पर कानूनी कार्रवाई की चेतावनी भी दी।

पद्म भूषण पुरस्कार विजेता महिंद्रा ने दो मीम्स के साथ कोट का एक कोलाज भी पोस्ट किया। इसमें उन्हें नाजायज ही जिम्मेवार ठहराया गया था। उसमें लिखा था, “एक औसत भारतीय पुरुष सोशल मीडिया पर महिलाओं को देख-देख कर अपना दिन बिताता है। खेल में अपनी उम्मीदें लगाता है। अपने सपनों को एक ऐसे नेता के हाथों में छोड़ देता है जो उसकी परवाह ही नहीं करता है।

पहला मीम जो उन्होंने पोस्ट किया वह खुद उनकी एक तस्वीर है। इसके कैप्शन में उन्होंने लिखा कि मैंने ऐसा कभी नहीं कहा। दूसरा फोटो ‘जॉली एलएलबी’ फिल्म का है जिसमें अभिनेता अरशद वारसी कहते हैं, “कौन हैं ये लोग? कहां से आते हैं?”

महिंद्रा द्वारा पोस्ट किए गए स्क्रीनशॉट से पता चलता है कि उनके बारे में स्टेटमेंट “स्टार्ट_अपफाउंडर” नामक हैंडल से इंस्टाग्राम पेज पर अपलोड किया गया था। महिंद्रा के ट्विटर पर 85 लाख से अधिक फॉलोअर्स हैं। उन्होंने फर्जी कोट साझा करते हुए इसे “हंटिंग सीजन ऑन इंटरनेट” कहा। उस कोट को शेयर करते हुए 66 वर्षीय उद्योगपति ने लिखा कि मेरे सहयोगी ने मुझसे कहा था कि ऐसा लगता है कि इंटरनेट पर शरारती लोगों के साथ सही से पेश आना होगा।

फर्जी खबर के चार स्क्रीनशॉट को शेयर करते हुए उन्होंने लिखा कि मुझे लोगों को जागरुक करने की आवश्यकता है। मेरा यह कहना है कि यह खबरें पूरी तरह से मनगढ़ंत और बेबुनियाद है। उन्होंने यह भी कहा कि अगर फर्जी खबर इतना अनैतिक और खतरनाक नहीं होता तो यह बहुत दिलचस्प होता।

पिछले साल अप्रैल में भी कुछ ऐसा ही वाकया टाटा ट्रस्ट्स के चेयरमैन रतन टाटा के साथ हुआ था। टाटा ने ट्विटर पर अपने 1 करोड़ से ज्यादा फॉलोअर्स को आगाह करने के लिए सोशल मीडिया का सहारा लिया। टाटा ने लोगों से वॉट्सऐप या अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर प्रसारित होने वाले मीडिया पर भरोसा करने के बजाय हमेशा सही स्रोतों से आने वाली खबरों भरोसा करने को कहा।

उन्होंने कहा कि अगर मुझे कुछ कहना है तो मैं इसे अपने आधिकारिक चैनलों के माध्यम से कहूंगा। उन्होंने एक अन्य पोस्ट में लिखा, “अगर किसी स्टेटमेंट में मेरी फोटो लगी है तो इसकी कोई गारंटी नहीं कि उसे मैंने कहा है। यह (फेक न्यूज) एक ऐसी समस्या है जिसका कई लोग सामना करते हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *