बिटकॉइन की कीमत जा सकती है 20 हजार डॉलर, 30 हजार डॉलर के नीचे पहुंची कीमत

मुंबई– क्रिप्टो करेंसी की प्रमुख करेंसी बिटकॉइन की चमक धीरे-धीरे कम होती जा रही है। ऐसा अनुमान है कि इसकी कीमत 20 हजार डॉलर तक जा सकती है। मंगलवार दोपहर में यह 30 हजार डॉलर के नीचे पहुंच गई थी। हालांकि बाद में इसकी कीमत फिर से इसके ऊपर आ गई।  

दरअसल अमेरिका, यूके के बाद चीन ने क्रिप्टो पर सख्त कदम उठाना शुरू किया है। उसने दक्षिणी चीन के सबसे बड़े क्रिप्टो के माइनिंग सेंटर को बंद कर दिया है। आंकड़े बताते हैं कि अप्रैल मध्य से लेकर अब तक क्रिप्टो की सबसे पसंदीदा करेंसी बिटकॉइन की कीमतों में 50% की गिरावट आई है। उस समय यह 65 हजार डॉलर पर थी जो अब 30-32 हजार डॉलर पर है। जबकि दिसंबर 2020 से अब तक एसएंडपी 500 12% बढ़ा है।  

जानकारों का मानना है कि इस तरह से बिटकॉइन की कीमतों में गिरावट से इसके आगे और गिरावट की आशंका है। अगर इसकी कीमतें 30 हजार डॉलर से नीचे जाती हैं तो यह 20 हजार डॉलर तक जा सकती हैं। मंगलवार को इसकी कीमतें 12% गिर कर 28,824 डॉलर तक चली गई थीं। पिछले 1 हफ्ते में क्रिप्टो की करेंसी में अच्छी खासी गिरावट दिखी है। शुक्रवार को भी इन करेंसीज की कीमतों में भारी-भरकम गिरावट आई थी।  

कीमतों में गिरावट का एक बड़ा कारण यह भी है कि लगातार निवेशक इसे बेच रहे हैं। उधर, भारतीय परिवार, उनकी कंपनियां और अमीर लोग क्रिप्टो करेंसी में निवेश करने लगे हैं। इसके बदले में उन्हें क्रिप्टो की ओर से व्यक्तिगत सेवाएं (personalised services) ऑफर की जा रही हैं। वोल्यूम के हिसाब से भारत का सबसे बड़ा क्रिप्टो एक्सचेंज, वजीरएक्स ने हाल ही में ओवर द काउंटर (ओटीसी) टीम बनाई है। यह टीम क्रिप्टो की खरीद के लिए हाई नेट वर्थ के लोगों की बढ़ी हुई मांग को पूरा करने के लिए बल्क ट्रेड को संभालता है। 

वजीरएक्स के मुख्य कार्यकारी निश्चल शेट्टी ने कहा कि ये लोग क्रिप्टो के लिए अपने पोर्टफोलियो का 3% से 5% निवेश इसमें कर रहे हैं। इसमें बिटकॉइन सबसे लोकप्रिय है। शेट्टी ने कहा कि पिछले दो साल की तुलना में एचएनआई की संख्या पिछले 8-12 महीनों में काफी तेजी से बढ़ी है। उन्होंने कहा कि मुझे लगता है कि वे सब जोखिम उठाना चाहते है क्योंकि वे डाइवर्सिफाइ पोर्टफोलियो रखने में विश्वास करते हैं।  

इस प्लेटफॉर्म ने एचएनआई और फैमिली आफिस यूज़र्स में 30 गुना की बढ़त देखी है। इन फंडों को विशेष सेवाएं मिलती हैं, जिनमें कस्टमाइज ट्रेडिंग रिपोर्ट, टैक्सेशन और अनुपालन (compliance) शामिल है। जेबपे ने भी पिछले साल ओटीसी सेवाओं की पेशकश शुरू की थी। यह न्यूनतम 5 बिटकॉइन खरीदने वालों को व्यक्तिगत सेवाएं प्रदान करता है।  

हालांकि इस भारी गिरावट के बाद भी ऐसा माना जा रहा है कि अगस्त तक बिटकॉइन का भाव 47 हजार डॉलर पर चला जाएगा। स्टॉक-टू-फ्लो बिटकॉइन प्राइस फोरकास्टिंग मॉडल्स के निर्माता ने कहा है कि, यहां तक कि बिटकॉइन के लिए सबसे खराब स्थिति अगस्त में दिखेगी जब 47,000 डॉलर पर ट्रेड करेगी। सितंबर में मामला थोड़ा उल्टा होगा और यह महीने के लिए 43000 डॉलर ट्रेड कर न्यूनतम लक्ष्य हासिल करेगी और अक्टूबर में 63000 डॉलर पर पहुँचेगी जब यह आल टाइम हाई होगा। इसके बाद इसमें और तेजी आएगी और यह नवंबर में 98000 और साल के अंत तक 1.35 लाख डॉलर पर पहुंच जाएगी। 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *